नेता म लड़े हे
हास्य व्यंग्य *नेता मन लड़े हे* *नेता मन अड़े हे*, *माला पहिने बर लड़े हे* *कोंटा म जाय राम लक्ष्मण* *अउ हनुमान खड़े हे* *अहि समय म रावण के चकरी चल गे* *भंग भंग ले रावण* *अभिमानी नेता के हाथ म जरगे* *हनुमान जी स्टेज के नीचे म* *टिंग टिंग कूदत रहय।* *मने मन म सीता माता ल खोजत रहय*, *ओला एक पार्टी के नेत्री मिल गे*। *अपन रामलीला मण्डली बर,* *नवा अभिनेत्री मिल गे* *मां कसम अहि ल लेके*, *चंदा काटे बर जाबो।* *पचास के जगह म पांच सौ रु पाबो।* *फिर ले 100 फीट के रावण बनाबो।* *एको झन नेता ल फिर से बुलाबो।* *अउ 10 रुपिया के माला पहिना के।* *लाख रुपिया कमाबो।* *लाख रुपिया कमाबो।।* *हमारा संस्कार हमारी संस्कृति कहाँ गया।* *डॉ प्रदीप कुमार निर्णेजक* *व्याख्याता* *हायर सेकेंडरी स्कूल लिमतरी* *मोबाइल नं - 9165882555*